आदित्यपुर : औद्योगिक इकाइयों को नगर निगम अब भी नए जलापूर्ति कनेक्शन नहीं दे रहा है. जिससे उद्यमी संगठनों में रोष है. जलापूर्ति का कनेक्शन देने वाले नगर निगम के नोडल अधिकारी नगर प्रबंधक अजय कुमार ने कहा है कि होल्डिंग टैक्स भुगतान किए बिना जलापूर्ति कनेक्शन नहीं मिलेगा. उन्होंने कहा कि उद्यमियों को बोरिंग के लिए भी नगर निगम से अनुमति लेनी होगी, अन्यथा अवैध बोरिंग कराई तो उद्यमियों को 25 हजार से 1 लाख रुपए तक का जुर्माना देना होगा. बता दें कि उच्च न्यायालय द्वारा औद्योगिक प्रतिष्ठानों से होल्डिंग टैक्स नहीं लेने से संबंधित उद्यमियों की याचिका को निरस्त कर दिया गया है. जिसके बाद नगर निगम ने सारे औद्योगिक प्रतिष्ठानों का होल्डिंग कायम करने के लिए नोटिस निर्गत कर आवश्यक कार्रवाई का निर्देश दिया है.
वहीं उन्हें जलापूर्ति कनेक्शन से वंचित रखते हुए उन्हें बोरिंग कराने के लिए भी नगर निगम से अनुमति लेने की चिट्ठी भेजी है. जिसमें बिना अनुमति के किए गए सारे बोरिंग को नगर निगम द्वारा अवैध माने जाने की बात कही गई है और अवैध बोरिंग साबित होने पर ऐसे औद्योगिक इकाइयों पर 25000 से लेकर 1 लाख रुपए तक का जुर्माना वसूल करने और उनके विरुद्ध प्राथमिकी दर्ज किये जाने की चेतावनी दी गई है.
नगर प्रबंधक ने नगर निगम के अनुमति के बिना ज्यादा ब्यास वाला बोरिंग खोदने पर बोरिंग एजेंट एवं प्लॉट मालिक के खिलाफ जुर्माना के साथ एफआईआर दर्ज करने की बात कही है. आदित्यपुर नगर निगम क्षेत्र में बोरिंग करने के लिए आवासीय कॉलोनी में दो मंजिला के लिए 1000 रुपया शुल्क एवं कमर्शियल प्रॉपर्टी पर 25000 का शुल्क लेने को मंजूरी दी गई है. नगर निगम में वही गाड़ी बोरिंग कर सकेंगे जिन्होंने बोरिंग करने के लिए निगम में रजिस्ट्रेशन कराया है, वर्तमान में आदित्यपुर नगर निगम में महज 7 बोरिंग गाड़ियां ही पंजीकृत हैं.
