रांची : कैश कांड में गिरफ्तार कोलकाता के कारोबारी अमित अग्रवाल को सीबीआई की दिल्ली शाखा ने पांच दिनों की पूछताछ के बाद सोमवार को कोर्ट में पेश किया। यहां से उसे सीबीआई की विशेष अदालत ने न्यायिक हिरासत में लेते हुए फिर जेल भेज दिया। सीबीआई ने रिमांड की मांग नहीं की।
जेल में बंद अमित अग्रवाल को सात दिसंबर को पूछताछ के लिए सीबीआई ने साथ ले गई थी। कोर्ट ने छह दिसंबर को पांच दिनों की रिमांड की अनुमति दी थी। रिमांड 11 दिसंबर को खत्म होने से पूर्व अदालत में पेश किया गया। सीबीआई ने अधिवक्ता राजीव कुमार से जुड़े कैश कांड में पूछताछ की। सीबीआई को अमित और कोलकाता पुलिस के अफसरों की संदिग्ध भूमिका में अहम जानकारी हाथ लगी है।
अमित ने वकील राजीव कुमार पर माइनिंग लीज आवंटन को लेकर दाखिल पीआईएल मैनेज करने के लिए एक करोड़ रुपए में डील करने का आरोप लगाते हुए कोलकाता पुलिस से शिकायत की थी। 50 लाख रुपए लेते कोलकाता पुलिस ने राजीव को दबोचा था। इसी मामले में ईडी ने अमित और राजीव के खिलाफ नया केस दर्ज किया। इसी केस को रद्द कराने की गुहार लगाते हुए अमित अग्रवाल ने झारखंड हाईकोर्ट में याचिका दाखिल की थी। सुनवाई के दौरान हाईकोर्ट ने जांच सीबीआई को सौंप दी थी। सीबीआई ने 20 जनवरी 2023 को प्राथमिकी दर्ज की थी। लेकिन मामले में उसको छह दिसंबर को न्यायिक हिरासत में लिया गया।
