चंदवा (लातेहार): लातेहार के चंदवा प्रखंड के माल्हन पंचायत में जंगली हाथियों ने उत्पात मचाया। सोमवार की रात जंगली हाथियों के समूह ने पंचायत के माल्हन, केकराही और मरमर में खेतों में तैयार हो रही धान की फसलों को क्षति पहुंचाई।
मिली जानकारी के अनुसार, गांव पहुंचे जंगली हाथियों ने भीम गंझू, लालजी गंझू, अर्जून गंझू, लंगड़ा गंझू, पुजरा गंझू, शिबू लोहरा, बुधन लोहरा का खेत में लगभग तैयार हो चुकी धान की फसलों को नुकसान पहुंचाया। ग्रामीणों की सूचना के बाद मंगलवार को मुखिया जतरू कुमार मुंडा गांव पहुंचे और हाथी पीड़ितों से मिल सांत्वना दी।
गांव में जंगली हाथियों का प्रवेश शुरू ग्रामीणों ने मुखिया को बताया कि अंधेरा होते ही फिर गांव में जंगली हाथियों का प्रवेश शुरू हो गया है। मानसून की अनिश्चिता और अनियमितता के बीच उनलोगों ने बड़ी मेहनत से कर्ज लेकर खेती की। अब जब फसलें तैयार हो रही है। वो धान काटकर भंडारण की तैयारी में जुटे भी नहीं हैं कि जंगली हाथियों का उत्पात शुरू हो गया।
आखिर वो करें तो क्या करें ? विभाग को चिंता ही नहीं। यदि वन विभाग के पदाधिकारी जल्द से जल्द उचित कदम नहीं उठाते हैं तो उनकी तैयार फसलों को जंगली हाथियों द्वारा नष्ट कर दिया जाएगा, जिसका असर उनके जीविकोपार्जन पर पड़ेगा।
उचित मुआवजा राशि दिलाई जाएगी- मुखिया ग्रामीणों की बातों को सुनने के बाद मुखिया श्री मुंडा ने किसानों को आश्वस्त किया कि जिन-जिन किसानों की फसलो को जंगली हाथियों ने नुकसान पहुंचाया है। विभाग से संपर्क कर उन्हें उचित मुआवजा राशि दिलाई जाएगी।
इसके लिए जंगली हाथी पीड़ित किसानों को विभाग के नाम संबंधित आवेदन जमा करने की बात कही। मौके पर दिलीप गंझू, भीम गंझू, हरिवंश गंझू समेत अन्य मौजूद थे।
