जमशेदपुर : को-ऑपरेटिव कॉलेज में तीन दिवसीय शिल्प प्रदर्शनी सह जागरूकता कार्यक्रम का उद्घाटन सोमवार को धालभूम एसडीओ पियूष सिन्हा ने फीता काट कर किया. इस प्रदर्शनी के जरिये वोकल फॉर लोकल को बढ़ावा देने और हस्तशिल्प के प्रति विद्यार्थियों में रूचि बढ़ाने का प्रयास किया जा रहा है. इसमें झारखंड के अलग-अलग जगहों से लगभग 80 कलाकारों ने भाग लिया हैं. इस कार्यक्रम का आयोजन वस्त्र मंत्रालय के हस्तशिल्प सेवा केंद्र, रांची ने कॉलेज के आंतरिक गुणवत्ता आश्वासन प्रकोष्ठ एवं वाणिज्य विभाग के सौजन्य से किया. मौके पर मुख्य रूप से कॉलेज के प्राचार्य डॉ अमर सिंह व शिक्षकगण मौजूद थे.
प्राचार्य ने बताया कि इस कार्यक्रम का उद्देश्य बच्चों को झारखंड भर के शिल्प कलाओं से अवगत करना है. बांस, मिट्टी, लाह की बनी हुई चीजें, कपड़ों पर चित्रकला जो हाथों से शिल्पी बनाते है उसकी जानकारी दी जा रही है. इस कला में अपने राज्य और देश की संस्कृति व कला छुपी हुई है, जो धीरे-धीरे विलुप्त होती जा रही है. इसे जनमानस तक पहुंचाना ही इस कार्यक्रम का लक्ष्य है. बच्चे इसे सीख कर रोजगार प्राप्त कर सकते हैं और उन्हें इसका वितीय लाभ भी मिल सकता है. आज 80 बच्चों ने रजिस्ट्रेशन कराया है. परन्तु इसमें शिक्षक और शिक्षकेत्तर कर्मचारी भी भाग ले रहे है. इसमें कलाकार अपनी कला का प्रदर्शन लाइव लोगों के सामने कर रहे है.
